संत पापा योहन पौलुस द्वितीय ने सन 1991 में पुण्य शुक्रवार के दिन परम्परागत क्रूस रास्ते से ऐसे छ: स्थानों को हटा कर जिनका उल्लेख पवित्र बाइबिल में नहीं हैं, उनकी जगह पर पवित्र बाइबिल में दी गयी प्रभु येसु के दुखभोग से संबंधित घटनाओं को जोड कर क्रूस रास्ते की यह विधी प्रस्तुत की थी। यह परम्परागत क्रूस रास्ते की विधि को रद्द करने के लिए नहीं, बल्कि उसके अलावा एक और विधि प्रस्तुत करने के उद्देश्य से दी गयी है।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “जब येसु अपने शिष्यों के साथ गेथसेमनी नामक बारी पहँचे, तो वे उन से बोले, "तुम लोग यहाँ बैठे रहो। मैं तब तक वहाँ प्रार्थना करने जाता हूँ।" वे पेत्रुस और जे़बेदी के दो पुत्रों को अपने साथ ले गये। वे उदास तथा व्याकुल होने लगे और उन से बोले, "मेरी आत्मा इतनी उदास है कि मैं मरने-मरने को हूँ। यहाँ ठहर जाओ और मेरे साथ जागते रहो।" वे कुछ आगे बढ़ कर मुहँ के बल गिर पडे़ और उन्होंने यह कहते हुए प्रार्थना की, "मेरे पिता! यदि हो सके, तो यह प्याला मुझ से टल जाये। फिर भी मेरी नही, बल्कि तेरी ही इच्छा पूरी हो।" तब वे अपने श्ष्यिों के पास गये और उन्हें सोया हुआ देखकर पेत्रुस से बोले, "क्या तुम लोग घण्टे-भर भी मेरे साथ नहीं जाग सके? जागते रहो और प्रार्थना करते रहो, जिससे तुम परीक्षा में न पड़ो। आत्मा तो तत्पर है, परन्तु शरीर दुर्बल"। वे फिर दूसरी बार गये और उन्होंने यह कहते हुए प्रार्थना की, "मेरे पिता! यदि यह प्याला मेरे पिये बिना नहीं टल सकता, तो तेरी ही इच्छा पूरी हो"। लौटने पर उन्होंने अपने शिष्यों को फिर सोया हुआ पाया, क्योंकि उनकी आँखें भारी थीं। वे उन्हें छोड़ कर फिर गये और उन्हीं शब्दों को दोहराते हुए उन्होंने तीसरी बार प्रार्थना की। इसके बाद उन्होंने अपने शिष्यों के पास आ कर उन से कहा, "अब तक सो रहे हो? अब तक आराम कर रहो हो, देखो! वह घड़ी आ गयी है, जब मानव पुत्र पापियों के हवाले कर दिया जायेगा। उठो! हम चलें। मेरा विश्वासघाती निकट आ गया है।" (मत्ती 26:36-46)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “येसु यह कह ही रहे थे कि बारहों में से एक यूदस आ गया। उसके साथ तलवारें और लाठियाँ लिये एक बड़ी भीड़ थीं, जिसे महायाजकों, शास्त्रियाँ और नेताओं ने भेजा था। विश्वासघाती ने उन्हें यह कहते हुए संकेत दिया था, "मैं जिसका चुम्बन करूँगा, वही हैं। उसी को पकड़ना और सावधानी से ले जाना।" उसने सीधे येसु के पास आ कर कहा, "गुरुवर!" और उनका चुम्बन किया। तब लोगों ने येसु को पकड़ कर गिरफ़्तार कर लिया।” (मारकुस 14: 43-46)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “दिन निकलने पर जनता के नेता, महायाजक और शास्त्री एकत्र हो गये और उन्होंने येसु को अपनी महासभा में बुला कर उन से कहा, "यदि तुम मसीह हो, तो हमें बता दो"। उन्होंने उत्तर दिया, यदि मैं आप लोगों से कहूँगा, तो आप विश्वास नहीं करेंगे और यदि मैं प्रश्न करूँगा, तो आप लोग उत्तर नहीं देंगे। परन्तु अब से मानव पुत्र सर्वशक्तिमान् ईश्वर के दाहिने विराजमान होगा।" इस पर सब-के-सब बोल उठे, "तो क्या तुम ईश्वर के पुत्र हो?’ येसु ने उत्तर दिया, "आप लोग ठीक ही कहते हैं। मैं वही हूँ।" इस पर उन्होंने कहा, "हमें और गवाही की ज़रूरत ही क्या है? हमने तो स्वयं इसके मुँह से सुन लिया है।" (लूकस 22: 66-71)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “पेत्रुस उस समय बाहर प्रांगण में बैठा हुआ था। एक नौकरानी ने पास आ कर उस से कहा, "तुम भी येसु गलीली के साथ थे"; किन्तु उसने सब के सामने अस्वीकार करते हुये कहा, "मैं नहीं समझता कि तुम क्या कह रही हो"। इसके बाद पेत्रुस फाटक की ओर निकल गया, किन्तु एक दूसरी नौकरानी ने उसे देख लिया और वहाँ के लोगों से कहा, "यह व्यक्ति येसु नाज़री के साथ था"। उसने शपथ खा कर फिर अस्वीकार किया और कहा, "मैं उस मनुष्य को नहीं जानता"। इसके थोड़ी देर बाद आसपास खडे़ लोग पेत्रुस के पास आये और बोले, "निश्चय ही तुम भी उन्हीं लोगों में से एक हो। यह तो तुम्हारी बोली से सपष्ट है।" तब पेत्रुस कोसने और शपथ खा कर कहने लगा कि मैं उस मनुष्य को जानता ही नहीं। ठीक उसी समय मुर्गे ने बाँग दी। पेत्रुस को येसु का यह कहना याद आया- मुर्गे के बाँग देने से पहले ही तुम मुझे तीन बार अस्वीकार करोगे, और वह बाहर निकल कर फूट-फूट कर रोया।” (मत्ती 26:69-75)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “दिन निकलते ही महायाजकों, नेताओं और शास्त्रियों अर्थात् समस्त महासभा ने परामर्श किया। इसके बाद उन्होंने येसु को बाँधा और उन्हें ले जा कर पिलातुस के हवाले कर दिया। पिलातुस ने येसु से यह पूछा, "क्या तुम यहूदियों के राजा हो?" येसु ने उत्तर दिया, "आप ठीक ही कहते हैं"। तब महायाजक उन पर बहुत-से अभियोग लगाते रहे। पिलातुस ने फिर येसु से पूछा, "देखो, ये तुम पर कितने अभियोग लगा रहे हैं। क्या इनका कोई उत्तर तुम्हारे पास नहीं है?" फिर भी येसु ने उत्तर में एक शब्द भी नहीं कहा। इस पर पिलातुस को बहुत आश्चर्य हुआ।... तब पिलातुस ने भीड़ की माँग पूरी करने का निश्चय किया। उसने उन लोगों के लिए बराब्बस को मुक्त किया और इसा को कोड़े लगवा कर क्रूस पर चढ़ाने सैनिकों के हवाले कर दिया।” (मारकुस 15: 1-5, 15)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “तब पिलातुस ने येसु को ले जा कर कोडे लगाने का आदेश दिया। सैनिकेां ने काँटों का मुकुट गूँथ कर उनके सिर पर रख दिया और उन्हें बैंगनी कपडा पहनाया। फिर वे उनके पास आ-आ कर कहते थे, "यहूदियों के राजा प्रणाम!" और वे उन्हें थप्पड मारते जाते थे। (योहन 19: 1-3)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “महायाजक और प्यादे उन्हें देखते ही चिल्ला उठे, "इसे क्रूस दीजिये! इसे क्रूस दीजिये!" पिलातुस ने उन से कहा, "इसे तुम्हीं ले जाओ और क्रूस पर चढाओ। मैं तो इस में कोई दोष नहीं पाता।"... इस पर वे चिल्ला उठे, "ले जाइये! ले जाइए! इसे क्रूस दीजिये!" पिलातुस ने उन से कहा क्या, "मैं तुम्हारे राजा को क्रूस पर चढवा दूँ?" महायाजकों ने उत्तर दिया, "कैसर के सिवा हमारा कोई राजा नहीं"। तब पिलातुस ने येसु को कू्स पर चढाने के लिये उनके हवाले कर दिया। वे येसु को ले गये और वह अपना कू्स ढोते हुये खोपडी की जगह नामक स्थान गये। इब्रानी में उसका नाम गोलगोथा है। (योहन 19: 6,15-17)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
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सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “वे येसु को क्रूस पर चढ़ाने के लिए शहर के बाहर ले चले। उन्होंने कुरेन निवासी सिमोन, सिकन्दर और रूफुस के पिता को, जो खेत से लौट रहा था, येसु का क्रूस उठा कर चलने के लिए बाध्य किया।” (मारकुस 15: 21)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “लोगों की भारी भीड़ उनके पीछे-पीछे चल रही थी। उन में नारियाँ भी थीं, जो अपनी छाती पीटते हुए उनके लिए विलाप कर रही थी। येसु ने उनकी ओर मुड़ कर कहा, "येरूसालेम की बेटियो ! मेरे लिए मत रोओ। अपने लिए और अपने बच्चों के लिए रोओ, क्योंकि वे दिन आ रहे हैं, जब लोग कहेंगे-धन्य हैं वे स्त्रियाँ, जो बाँझ है; धन्य हैं वे गर्भ, जिन्होंने प्रसव नहीं किया और धन्य है वे स्तन, जिन्होंने दूध नहीं पिलाया! तब लोग पहाड़ों से कहने लगेंगे-हम पर गिर पड़ों, और पहाडि़यों से-हमें ढक लो; क्योंकि यदि हरी लकड़ी का हाल यह है, तो सूखी का क्या होगा?" (लूकस 23: 27-31)
(मनन्)
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अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “वे ‘खोपड़ी की जगह’ नामक स्थान पहुँचे। वहाँ उन्होंने येसु को और उन दो कुकर्मियों को भी क्रूस पर चढ़ाया-एक को उनके दायें और एक को उनके बायें। येसु ने कहा, "पिता! इन्हें क्षमा कर, क्योंकि ये नहीं जानते कि क्या कर रहे हैं"। तब उन्होंने उनके कपड़े के कई भाग किये और उनके लिए चिट्ठी निकाली।” (लूकस 23:33-34)
(मनन्)
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सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “क्रूस पर चढ़ाये हुए कुकर्मियों में एक इस प्रकार येसु की निन्दा करता था, "तू मसीह है न? तो अपने को और हमें भी बचा।" पर दूसरे ने उसे डाँट कर कहा, "क्या तुझे ईश्वर का भी डर नहीं? तू भी तो वही दण्ड भोग रहा है। हमारा दण्ड न्यायसंगत है, क्योंकि हम अपनी करनी का फल भोग रहे हैं; पर इन्होंने कोई अपराध नहीं किया है।" तब उसने कहा, "येसु! जब आप अपने राज्य में आयेंगे, तो मुझे याद कीजिएगा"। उन्होंने उस से कहा, "मैं तुम से यह कहता हूँ कि तुम आज ही परलोक में मेरे साथ होगे"।” (लूकस 23:39-43)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “येसु की माता, उसकी बहिन, क्लोपस की पत्नि मरियम और मरियम मगदलेना उनके कू्स के पास खडी थीं। येसु ने अपनी माता को और उनके पास अपने उस शिष्य को, जिसे वह प्यार करते थे देखा। उन्होंने अपनी माता से कहा, "भद्रे! यह आपका पुत्र है"। इसके बाद उन्होंने उस शिष्य से कहा, "यह तुम्हारी माता है"। उस समय से उस शिष्य ने उसे अपने यहाँ आश्रय दिया।” (योहन 19: 25-27)
(मनन्)
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अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “अब लगभग दोपहर हो रहा था। सूर्य के छिप जाने से तीसरे पहर तक सारे प्रदेश पर अँधेरा छाया रहा। मन्दिर का परदा बीच से फट कर दो टुकड़े हो गया। येसु ने ऊँचे स्वर से पुकार कर कहा, "पिता! मैं अपनी आत्मा को तेरे हाथों सौंपता हूँ", और यह कह कर उन्होंने प्राण त्याग दिये।” (लूकस 23:44-46)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।
अगुआ : हे ख्रीस्त, हम आपकी आराधना करते और आपको धन्य मानते हैं।
सब : क्योंकि आपने अपने पवित्र दुखभोग, मरण एवं पुनरुत्थान द्वारा दुनिया को बचाया है।
अगुआ : “संध्या हो जाने पर अरिमथिया का एक धनी सज्जन आया। उसका नाम यूसूफ था और वह भी येसु का शिष्य बन गया था। उसने पिलातुस के पास जा कर येसु का शव माँगा और पिलातुस ने आदेश दिया कि शव उसे सौंप दिया जाये। यूसुफ ने शव ले जा कर उसे स्वच्छ छालटी के कफ़न में लपेटा और अपनी कब्र में रख दिया, जिसे उसने हाल में चट्टान में खुदवाया था और वह कब्र के द्वार पर बड़ा पत्थर लुढ़का कर चला गया।” (मत्ती 27: 57-60)
(मनन्)
हे पिता हमारे..., प्रणाम मरिया ...
अगुआ : मृत विश्वासी ईश्वर की दया से स्वर्ग का अनन्त सुख प्राप्त करें।
सब : आमेन।